भिलाई: कोविड 19 के कारण दुर्ग यूनिवर्सिटी के फाइनल ईयर के छात्रों को ऑनलाइन घर बैठे एग्जाम देने के नोटिफिकेशन जारी होने के बाद युवा आंसर सीट लेने दुकानों की बढ़ने लगे लेकिन महंगी आंसरशीट ने युवाओं को नई तरकीब सीखा दी। आपदा को अवसर बनाते हुए छात्र घर बैठे एग्जाम के लिए आंसरशीट तैयार कर रहे हैं और दूसरे छात्रों को कम दाम पर दे रहें हैं। हैरान करने वाली बात ये है कि मात्र तीन दिन में ही उन्होंने पांच हजार से ज्यादा कॉपियां बेच भी दी।

आपदा को अवसर बनाने वाले युवा एजुकेशन हब भिलाई के रहने वाले हैं। कुछ करने का इरादा हो तो आपदा में भी अवसर निकल आता हैं। ऐसा ही कुछ आइडिया राहुल गजभिए रोहन सिंह और उनके साथियों को आया। दुर्ग यूनिवर्सिटी के ऑनलाइन घर बैठे एग्जाम देने के नोटिफिकेशन जारी होने के बाद उन्होंने घर बैठे एग्जाम के लिए आंसरशीट तैयार करने की सोची और मात्र तीन दिन में ही उन्होंने पांच हजार से ज्यादा कॉपियां बेच भी दी।

दरअसल कोरोना महामारी के कारण विधि वत होने वाली परीक्षाओं पर इस महामारी के ग्रहण लगा। जिसके बाद विश्वविद्यालयों ने घर बैठे ऑनलाईन परीक्षा का नियम बनाया। जिसमें विश्वविद्यालय की वेबसाइट पर ऑनलाइन प्रश्न दिए जाएंगे और छात्र घर बैठे उत्तर पुस्तिका ओर उत्तर लिख जमा करेंगे इस कड़ी में भिलाई के युवाओं ने छात्रों को उत्तर पुस्तिका उपलब्ध कराने की ठानी और महज 11 रुपए में उत्तर पुस्तिका दी जा रही हैं । आपको बता दे कि यही उत्तर पुस्तिका स्टेशनरी में उन्हें 32 से 40 रुपए मे मिल रही थीं। लेकिन युवाओं पर आर्थिक बोझ कम करने सिर्फ 11 रुपये में एक आंसरशीट दी जा रही है।

रोहन और उनके साथियों का कहना हैं, इस संकट की घड़ी में वे छात्रों को सस्ते में कॉपियां उपलब्ध करा रहे हैं। जबकि स्टेशनरी वाले यही उत्तर पुस्तिका 35-40 रुपए में उपलब्ध करवा रहे हैं। जो सामान्य मूल्य से अधिक हैं, यूनिवर्सिटी ने परीक्षा का नोटिफिकेशन जारी किया है तब कुछ युवा परेशान हो गए कि वे घर पर कैसे कॉपी तैयार करेंगे। तभी उन्हें आइडिया आया कि वे घर पर इसे आसानी से तैयार कर परीक्षार्थियों को उपलब्ध करा सकते हैं। क्योंकि एक छात्र को कम से कम 9 से ज्यादा कॉपियां लेनी होगी, लेकिन अब समस्या ये थी छात्रों को पता कैसे चले कि उत्तर पुस्तिका उन्हें महज 11 रुपये में उपलब्ध हो सकती हैं। इसके लिए सोशल मीडिया पर प्रमोशन करने का प्लान बनाया। उन्होंने कॉपियां तैयार कर सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर उसका प्रमोशन किया बकायदा वाटसअप समूह बनाकर सभी को जोड़ा, जिसके बाद कॉपियों की खासी डिमांड आने लगी।

उन्होंने पिछले तीन दिन में पांच हजार कॉपियां बेच दी और अब पांच हजार कॉपियां और तैयार कर रहे हैं। रोहन ने बताया कि उनके पास 32 पेज की कॉपी 11 रुपए और 40 पेज की कॉपी 15 रुपए में उपलब्ध हैं। जिसमें उत्तर पुस्तिका में यूनिवर्सिटी की ओर से जारी मुख्यपृष्ठ भी लगाया गया हैं। बहरहाल पूर्व छात्रों की इस तरह मुहिम वाकई काबिले तारीफ हैं।