रायगढ़ : आंगनबाड़ी से स्कूल तक पहुंचे 8,486 बच्चे, विद्यारंभ प्रमाण-पत्र के साथ शुरू हुई नई शैक्षणिक यात्रा

जिले के शासकीय और निजी विद्यालयों में हुआ प्रवेश, प्रारंभिक शिक्षा को मजबूत बनाने की पहल

रायगढ़, 24 जुलाई। जिले में छह वर्ष की आयु पूर्ण कर चुके आंगनबाड़ी केंद्रों के 8,486 बच्चों का विभिन्न शासकीय एवं निजी विद्यालयों में प्रवेश कराया गया। शाला प्रवेश अभियान के तहत सभी बच्चों को आंगनबाड़ी केंद्रों से विद्यारंभ प्रमाण-पत्र प्रदान कर उनकी औपचारिक शिक्षा की शुरुआत कराई गई।

महिला एवं बाल विकास विभाग के अनुसार, आंगनबाड़ी केंद्रों में समेकित बाल विकास सेवा (आईसीडीएस) के अंतर्गत बच्चों को पोषण, स्वास्थ्य सेवाओं के साथ प्रारंभिक एवं अनौपचारिक शिक्षा उपलब्ध कराई जाती है, जिससे वे विद्यालयी शिक्षा के लिए तैयार हो सकें।

जिला कार्यक्रम अधिकारी ने बताया कि प्रवेश लेने वाले बच्चों में 6,385 बच्चों ने शासकीय विद्यालयों तथा 2,101 बच्चों ने निजी विद्यालयों में दाखिला लिया। परियोजनावार आंकड़ों के अनुसार मुकडेगा में 296, धरमजयगढ़ में 1,402, खरसिया में 1,125, रायगढ़ शहरी में 446, रायगढ़ ग्रामीण में 993, तमनार में 677, लैलूंगा में 690, पुसौर में 917, घरघोड़ा में 952 और कापू में 988 बच्चों का शाला प्रवेश कराया गया।

जिला प्रशासन का कहना है कि आंगनबाड़ी केंद्र बच्चों के सर्वांगीण विकास और विद्यालयीन शिक्षा की मजबूत नींव तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। यहां विकसित सीखने की आदतें और सामाजिक व्यवहार बच्चों को स्कूल के वातावरण में सहजता से ढलने में मदद करते हैं।

शाला प्रवेश के अवसर पर पालकों ने भी इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि आंगनबाड़ी में मिली प्रारंभिक शिक्षा से बच्चों को विद्यालयी जीवन की शुरुआत आत्मविश्वास के साथ करने में सहायता मिलेगी।

Back to top button