रायगढ़ : पुरानी पेंशन बहाली की मांग को लेकर विद्युत अधिकारी-कर्मचारियों का चरणबद्ध आंदोलन, 5 अक्टूबर को रायपुर में प्रदर्शन
11 सितंबर को क्षेत्रीय स्तर पर संयुक्त आमसभा और ज्ञापन सौंपने का निर्णय
रायगढ़, 8 सितंबर 2026। छत्तीसगढ़ स्टेट पावर कंपनी के अधिकारी-कर्मचारियों से जुड़े संगठनों ने पुरानी पेंशन योजना (OPS) की बहाली की मांग को लेकर चरणबद्ध आंदोलन की तैयारी शुरू कर दी है। इसी सिलसिले में 7 सितंबर को रायगढ़ वृत्त कार्यालय के वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग सभागार में विद्युत अधिकारी-कर्मचारी पुरानी पेंशन बहाली अधिकार मंच की बैठक आयोजित की गई।
बैठक में आंदोलन की आगामी गतिविधियों और कार्यक्रमों को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। मंच से जुड़े संगठनों ने पुरानी पेंशन की मांग को लेकर संयुक्त रूप से आगे की रणनीति तय की।
11 सितंबर को सभी रीजन और क्षेत्रीय मुख्यालयों में आमसभा
बैठक में तय किया गया कि 11 सितंबर 2026 को छत्तीसगढ़ स्टेट पावर कंपनी के विभिन्न रीजन और क्षेत्रीय मुख्यालयों में 12 संगठनों की संयुक्त आमसभा आयोजित की जाएगी।
आमसभा के बाद कंपनी अध्यक्ष के नाम संबंधित क्षेत्र के कार्यपालक निदेशक या मुख्य अभियंता के माध्यम से ज्ञापन सौंपा जाएगा। संगठन इस कार्यक्रम के जरिए पुरानी पेंशन योजना लागू करने की मांग को कंपनी प्रबंधन तक पहुंचाएगा।
5 अक्टूबर को रायपुर में होगा प्रदेशव्यापी प्रदर्शन
आंदोलन का अगला बड़ा चरण 5 अक्टूबर 2026 को रायपुर के डंगनिया स्थित कंपनी मुख्यालय में आयोजित करने का निर्णय लिया गया है। संगठन के अनुसार प्रदेशभर से पावर कंपनी के अधिकारी और कर्मचारी रायपुर पहुंचेंगे।
यहां पुरानी पेंशन योजना की मांग को लेकर विशाल प्रदर्शन और आमसभा आयोजित की जाएगी। मंच ने आंदोलन के लिए “एक ही लक्ष्य, एक ही नारा—ओपीएस है अधिकार हमारा” का नारा तय किया है।
12 संगठनों की एकजुटता पर जोर
बैठक में शामिल पदाधिकारियों ने पुरानी पेंशन के मुद्दे पर अलग-अलग कर्मचारी एवं अधिकारी संगठनों को एकजुट होकर आंदोलन आगे बढ़ाने पर चर्चा की। मंच का कहना है कि चरणबद्ध आंदोलन के माध्यम से कंपनी प्रबंधन के समक्ष कर्मचारियों की मांग रखी जाएगी।
बैठक में ये पदाधिकारी रहे मौजूद
बैठक में अभियंता संघ की रायगढ़ संयोजक आशा कुंडू, इंजीनियर नरेंद्र नायक, पी.सी. महानंदा और एच.के. मंगेशकर, पत्रोपाधि संघ के क्षेत्रीय अध्यक्ष महेश्वर पटेल, सचिन केरकेट्टा, राजेश देवांगन, सतीश ठाकुर, सुरेश गुप्ता और राजेंद्र आरिले शामिल रहे।
इसके अलावा आरक्षित वर्ग अधिकारी-कर्मचारी संघ से विजेंद्र खांडेकर, जनता यूनियन के क्षेत्रीय अध्यक्ष यू.एस. वर्मा, प्रांतीय सचिव रितेश नागेश, तकनीकी एकता यूनियन से प्रकाश गुप्ता तथा छत्तीसगढ़ बिजली कर्मचारी संघ से हुलेश्वर पटेल, अरविंद शर्मा और सानंद देवांगन सहित अन्य प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
कार्यक्रमों के संचालन के लिए 13 सदस्यीय समिति गठित
आंदोलन के आगामी कार्यक्रमों के बेहतर संचालन के लिए बैठक में एक समिति का गठन भी किया गया। इसमें नरेंद्र नायक, पी.सी. महानंदा, हेरीश मंगेशकर, महेश्वर पटेल, राजेश देवांगन, राजेंद्र आरिले, रितेश नागेश, सचिन केरकेट्टा, प्रकाश गुप्ता, मेल्बीन टोप्पो, नवीन कुर्रे और विजेंद्र खांडेकर को जिम्मेदारी दी गई।
बैठक का संचालन जनता यूनियन के प्रांतीय सचिव रितेश नागेश ने किया। मंच की ओर से आगामी दोनों कार्यक्रमों में अधिक से अधिक अधिकारी-कर्मचारियों की भागीदारी की अपील की गई है।
पुरानी पेंशन की मांग को लेकर विद्युत कर्मचारियों के संगठनों की सक्रियता पहले भी सामने आती रही है। जून 2026 में भी विभिन्न संगठनों ने संयुक्त मंच बनाकर इस मुद्दे पर आंदोलन की रणनीति तैयार की थी।












