राम मंदिर ट्रस्ट की बैठक में बड़े फैसले, चंपत राय और अनिल मिश्रा के इस्तीफे मंजूर, सीईओ नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू
अयोध्या। श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की महत्वपूर्ण बैठक में कई अहम प्रशासनिक फैसले लिए गए। बैठक में ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी अनिल मिश्रा के इस्तीफे स्वीकार कर लिए गए। साथ ही मंदिर प्रबंधन को अधिक व्यवस्थित और पारदर्शी बनाने के लिए मुख्य कार्यपालक अधिकारी (CEO) नियुक्त करने की प्रक्रिया शुरू करने का निर्णय लिया गया।
बैठक के बाद आयोजित प्रेस वार्ता में ट्रस्ट ने मंदिर निर्माण, वित्तीय प्रबंधन और प्रशासनिक व्यवस्था से जुड़े कई बिंदुओं पर जानकारी साझा की। ट्रस्ट ने बताया कि मंदिर निर्माण और अन्य परियोजनाओं पर अब तक हजारों करोड़ रुपये खर्च किए जा चुके हैं तथा सभी वित्तीय लेनदेन निर्धारित प्रक्रिया के तहत किए जा रहे हैं।
ट्रस्ट की ओर से यह भी कहा गया कि हाल के विवादों के बाद पारदर्शिता और जवाबदेही को और मजबूत करने के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। इसी उद्देश्य से प्रशासनिक ढांचे में बदलाव करते हुए सीईओ की नियुक्ति की जाएगी, जिससे मंदिर के दैनिक संचालन और व्यवस्थाओं को अधिक प्रभावी बनाया जा सके।
बैठक में पूर्व आईएफएस अधिकारी कृष्ण मोहन को अंतरिम महासचिव की जिम्मेदारी सौंपी गई। ट्रस्ट का कहना है कि नई व्यवस्था से प्रशासनिक कार्यों में बेहतर समन्वय और पारदर्शिता सुनिश्चित होगी।
ट्रस्ट अध्यक्ष महंत नृत्य गोपाल दास ने कहा कि मंदिर से जुड़े किसी भी मामले का राजनीतिकरण नहीं होना चाहिए। उन्होंने भरोसा जताया कि आस्था और पारदर्शिता दोनों को बनाए रखते हुए सभी आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।



