राहुल गांधी के ‘वोट चोरी’ आरोपों पर BJP का पलटवार, सुधांशु त्रिवेदी ने मीडिया रिपोर्ट के आधार पर उठाए सवाल
नई दिल्ली। कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के चुनाव आयोग और कथित ‘वोट चोरी’ से जुड़े आरोपों पर भाजपा ने पलटवार किया है। भाजपा प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने राहुल गांधी द्वारा संदर्भित मीडिया रिपोर्ट की विश्वसनीयता और उसके आधार को लेकर सवाल उठाए।
त्रिवेदी ने कहा कि जिस रिपोर्ट के आधार पर चुनाव आयोग के भीतर कथित मतभेदों को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं, उसमें किसी चुनाव आयुक्त का प्रत्यक्ष या ऑफ-द-रिकॉर्ड बयान प्रकाशित नहीं हुआ है। उन्होंने सवाल किया कि यदि संबंधित अधिकारियों का बयान रिपोर्ट में नहीं है तो उसके आधार पर यह निष्कर्ष कैसे निकाला जा रहा है कि आयोग के फैसलों में मतभेद थे।
राहुल गांधी ने क्या आरोप लगाए?
राहुल गांधी ने 23 सितंबर को सामने आई द इंडियन एक्सप्रेस की एक जांच रिपोर्ट के बाद चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए थे। रिपोर्ट में दावा किया गया था कि तीन सदस्यीय चुनाव आयोग में दो चुनाव आयुक्तों ने कुछ फैसलों को लेकर आपत्तियां दर्ज की थीं। राहुल गांधी ने इन आरोपों को ‘वोट चोरी’ से जोड़ते हुए चुनाव आयोग, भाजपा और RSS पर गंभीर आरोप लगाए।
BJP ने आयोग के फैसलों पर दी सफाई
सुधांशु त्रिवेदी ने कहा कि चुनाव आयोग के सभी निर्णय सर्वसम्मति से लिए गए हैं और ऐसा कोई प्रमाण नहीं है कि महत्वपूर्ण फैसले बहुमत के आधार पर लिए गए। उन्होंने विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) और मतदाता सूची से संबंधित प्रक्रिया का भी बचाव किया।
भाजपा नेता ने रिप्रेजेंटेशन ऑफ द पीपल एक्ट, 1950 की धारा 21(3) का हवाला देते हुए कहा कि चुनाव आयोग को मतदाता सूची के पुनरीक्षण की प्रक्रिया संचालित करने का अधिकार है।
राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप तेज
राहुल गांधी के आरोपों के बाद भाजपा और कांग्रेस के बीच चुनाव आयोग की भूमिका और मतदाता सूची को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। राहुल गांधी के आरोपों और भाजपा की प्रतिक्रिया के बीच रिपोर्ट में किए गए दावों की स्वतंत्र पुष्टि और संबंधित पक्षों के आधिकारिक जवाब इस विवाद का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं।











