छत्तीसगढ़ विधानसभा बजट सत्र का समापन, मुख्यमंत्री ने सभी जनप्रतिनिधियों का जताया आभार
रायपुर।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी के समन्वय से यह सत्र सफल और सार्थक रहा। उन्होंने विधानसभा को लोकतंत्र का पावन मंदिर बताते हुए कहा कि लोकतांत्रिक मूल्यों को मजबूत करना इसकी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है।
आत्मसमर्पित नक्सलियों की भागीदारी
मुख्यमंत्री ने बताया कि इस बजट सत्र के दौरान लगभग 585 आत्मसमर्पित नक्सलियों ने विधानसभा की कार्यवाही का अवलोकन किया, जो एक प्रेरणादायक पहल है। इससे यह संदेश गया कि राज्य सरकार भटके हुए युवाओं को मुख्यधारा से जोड़ने के लिए प्रतिबद्ध है।
सत्र की प्रमुख उपलब्धियां
इस सत्र में कुल 15 बैठकें आयोजित हुईं और वित्तीय वर्ष 2026-27 का बजट पारित किया गया। साथ ही राज्यपाल के अभिभाषण पर सदन ने कृतज्ञता व्यक्त की और कई महत्वपूर्ण विधायी कार्य पूरे किए गए।
इस दौरान कई अहम विधेयक भी पारित हुए, जिनमें—
- छत्तीसगढ़ धर्म स्वातंत्र्य विधेयक 2026
- नगर एवं ग्राम निवेश (संशोधन) विधेयक 2026
- गृह निर्माण मंडल (संशोधन) विधेयक 2026
- भर्ती परीक्षाओं में नकल रोकने एवं कर्मचारी चयन मंडल से संबंधित विधेयक शामिल हैं
अन्य प्रमुख बातें
मुख्यमंत्री ने विधानसभा अध्यक्ष रमन सिंह के स्वास्थ्य लाभ की कामना की और उनके डिजिटल माध्यम से कार्यवाही पर नजर रखने की सराहना की।
उन्होंने नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत, संसदीय कार्य मंत्री केदार कश्यप सहित सभी विधायकों, अधिकारियों, कर्मचारियों और मीडिया प्रतिनिधियों को भी धन्यवाद दिया।




