
रायगढ़ में चैत्र नवरात्र की धूम: आज से घट स्थापना, विशेष योग में शुरू होगा पर्व
रायगढ़। वैदिक पंचांग के अनुसार चैत्र नवरात्र का शुभारंभ आज 19 मार्च से हो रहा है। इस बार नवरात्र का आरंभ अत्यंत शुभ संयोगों के साथ हो रहा है, जिससे धार्मिक दृष्टि से इसका महत्व और बढ़ गया है।
दुर्लभ योगों का बन रहा संयोग
नवरात्र के पहले दिन शुक्ल योग, ब्रह्म योग और सर्वार्थ सिद्धि योग का अद्भुत मेल बन रहा है। इसके साथ ही मीन राशि में सूर्य, बुध, शुक्र और शनि के एक साथ होने से चतुग्रही योग भी बन रहा है, जिसे बेहद शुभ और फलदायी माना जाता है।
पालकी में सवार होकर आएंगी मां दुर्गा
इस वर्ष माता दुर्गा का आगमन पालकी में हो रहा है, जो धार्मिक मान्यताओं के अनुसार विशेष संकेत देता है। गुरुवार सुबह 6:52 बजे से घट स्थापना (कलश स्थापना) का शुभ मुहूर्त शुरू हो जाएगा। इस पावन योग में पूजा-अर्चना करने से भक्तों को अक्षय फल की प्राप्ति होने की मान्यता है।
मंदिरों में तैयारियां पूरी
नवरात्र को लेकर शहर और आसपास के क्षेत्रों के मंदिरों में पिछले एक सप्ताह से तैयारियां चल रही थीं, जो अब पूरी हो चुकी हैं। शाम होते ही मंदिर रंग-बिरंगी रोशनी और झालरों से जगमगा उठे हैं।
बुढ़ी माई मंदिर, सत्ती माई मंदिर, चंद्रहासिनी मंदिर सहित प्रमुख मंदिरों में विशेष सजावट की गई है।
नौ दिनों तक चलेगा उत्सव
यह नवरात्र पर्व 27 मार्च को रामनवमी के साथ संपन्न होगा। इन नौ दिनों में हर दिन विशेष योग बन रहे हैं, जिससे पूजा का महत्व और बढ़ गया है।
सुबह से खुलेंगे मंदिरों के पट
नवरात्र के पहले दिन से ही मंदिरों के पट भक्तों के लिए सुबह से खुले रहेंगे। श्रद्धालु पूरे नौ दिन कभी भी माता के दर्शन कर सकेंगे। भीड़ को देखते हुए मंदिरों में विशेष व्यवस्था की गई है, साथ ही गर्मी को ध्यान में रखते हुए शीतल जल की व्यवस्था भी की गई है।
कलश यात्रा और धार्मिक आयोजन
पूज्य राजकुमार चौबे ने बताया कि इस बार सिद्धि योग के कारण सुबह से ही घट स्थापना का क्रम शुरू होगा और दिनभर चलता रहेगा। शहर व ग्रामीण क्षेत्रों में कलश यात्रा भी निकाली जाएगी, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल होंगे।
बाजारों में दिखी रौनक
नवरात्र से एक दिन पहले बाजारों में भारी भीड़ देखने को मिली। लोगों ने पूजा सामग्री, कलश और दीपकों की जमकर खरीदारी की। खास बात यह रही कि इस बार आसपास के गांवों से आए कुम्हारों द्वारा बनाए गए आकर्षक डिजाइनों वाले कलश और दीयों को लोगों ने खूब पसंद किया।
