
बैंक में उड़ रही सोशल डिस्टेसिंग की धज्जिया
बैंक खुलते ही लोग भूले सोशल डिस्टेसिंग के नियमों का पालन करना
बलौदाबाजार,
फागुलाल रात्रे, लवन।
फागुलाल रात्रे, लवन।
लाॅकडाउन के चलते लंबे समय से बैंक व दुकाने बंद रहने के बाद शुक्रवार को लवन नगर में संचालित जिला सहकारी केन्द्रिय बैंक लवन में ग्राहक सोशल डिस्टेसिंग को भूलकर बैंक के सामने बैठकर व खड़े रहकर अपनी बारी का इंतजार करते दिखे। किसान राजीव गांधी किसान न्याय योजना की राशि खाते में जमा होते ही रूपये निकालने बैंक में कृषकों की भारी भीड़ उमड़ रही है। इस दौरान किसान सुरक्षा नियमों की भारी अवहेलना कर रहे है, जो खतरनाक साबित हो सकता है। शासन के द्वारा 21 मई को राजीव गांधी न्याय योजना और केन्द्र सरकार द्वारा किसान सम्मान निधि के तहत 2-2 रूपये किसानों के खातें में ट्रांसफर की गई है। किसानों की भीड़ को देखते हुए संक्रमण बढ़ने का खतरा काफी बढ़ गया है। बैंक परिसर के सामने छोटी सी जगह में सैकड़ों किसान खड़े रहते है। अधिकतर किसान बिना मास्क लगाये ही पहुंच जाते है तथा भीड़ का हिस्सा बने रहते है। हालांकि बैंक प्रबंधन ने कृषकों को मास्क लगाने, सोशल डिस्टेसिंग में रहने की सलाह दी जा रही है लेकिन किसानों द्वारा बैंक प्रबंधन की बातों को अनसुना कर दे रहे है। भारी भीड़ उमड़ने की वजह से संक्रमण फैलने से इंकार नहीं किया जा सकता। अभी देख गया है कि जहंा भी अधिक भीड़ जुटी है वहंा बड़ी संख्या में लोग पाॅजिटिव मिले है। बलौदाबाजार जिले में कोरोना संक्रमण में कमी तो देखी जा रही है, लेकिन इस प्रकार लोग बगैर मास्क लगाये सोशल डिस्टेसिंग के नियमों की अवहेलना करें तो संक्रमण कहीं फिर से न बढ़ जाये। ऐसे में जरूरी है कि हर व्यक्ति संक्रमण की रोकथाम के लिए अपनी भूमिका निभाए तथा गाईडलाईन का कड़ाई से पालन करें ताकि शीघ्र कोरोना की चेन को तोड़ा जा सके। कोरोना का खतरा अभी टला नहीं, फिर भी लोगों में दहशत का माहौल गायब हो गया है। इससे उन लोगों को परेशानी हो रही है जो नियमों का पालन कर रहे है। अनलाॅक में लोगों की भीड़ बढ़ गई है, बैंक के अलावा अन्य जगहों पर जगह-जगह भीड़ इकट्ठी हो रही है। जागरूक व्यक्ति मास्क को लगा रहे है, लेकिन जो व्यक्ति कोरोना की गंभीरता को नहीं समझ पाये है वह व्यक्ति बगैर मास्क के घुम रहे है। लोगों की इस तरह की लापरवाही और भीड़ दूसरों के लिए मुसीबत न बन जाये क्योंकि जिले के भीतर कोरोना के मरीजों की संख्या में कमी आई है, लेकिन कोरोना का खतरा अभी टला नहीं है इसलिए सावधानी जरूरी है।
