
वेदांता प्लांट हादसा: कांग्रेस ने बनाई 9 सदस्यीय जांच समिति, जयसिंह अग्रवाल संयोजक
रायपुर/सक्ती। सक्ती जिले के सिंघीतराई स्थित वेदांता पावर प्लांट हादसे को लेकर प्रदेश कांग्रेस ने जांच के लिए 9 सदस्यीय समिति का गठन किया है। यह टीम पूरे मामले की पड़ताल कर अपनी रिपोर्ट प्रदेश नेतृत्व को सौंपेगी।
जयसिंह अग्रवाल को मिली जिम्मेदारी
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज के निर्देश पर गठित इस समिति का संयोजक पूर्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल को बनाया गया है। समिति में पूर्व मंत्री नंदकुमार वर्मा समेत कई विधायक और संगठन के पदाधिकारी शामिल किए गए हैं।
ग्राउंड पर जाकर करेगी जांच
समिति को निर्देश दिए गए हैं कि वह मौके पर पहुंचकर पीड़ित मजदूरों, उनके परिजनों और स्थानीय लोगों से बातचीत करे। साथ ही प्लांट प्रबंधन से भी चर्चा कर पूरे घटनाक्रम की जानकारी जुटाई जाएगी।
ये हैं समिति के प्रमुख सदस्य
जांच समिति में विधायक रामकुमार यादव, अटल श्रीवास्तव, बावनलाल साहू, राघवेंद्र सिंह, व्यास कश्यप, शेषराज हरबंश सहित जिला कांग्रेस अध्यक्ष को शामिल किया गया है।
टीएस सिंहदेव ने उठाए सवाल
पूर्व उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव ने हादसे को गंभीर बताते हुए कहा कि मृतकों के परिजनों को पर्याप्त मुआवजा दिया जाना चाहिए। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि बार-बार हो रहे ऐसे हादसे प्रशासनिक लापरवाही की ओर इशारा करते हैं।
अब तक कई मजदूरों की मौत
मंगलवार को हुए बॉयलर ब्लास्ट में कई मजदूरों की मौत हो चुकी है, जबकि कई अन्य गंभीर रूप से घायल हैं। घायलों का इलाज विभिन्न अस्पतालों में जारी है। घटना के बाद परिजनों ने प्लांट के बाहर विरोध प्रदर्शन भी किया।
मुआवजे और जांच की प्रक्रिया जारी
जिला प्रशासन ने मामले में मजिस्ट्रियल जांच के आदेश दिए हैं। वहीं केंद्र और राज्य सरकार की ओर से मृतकों के परिजनों और घायलों के लिए आर्थिक सहायता की घोषणा की गई है।
यह हादसा औद्योगिक सुरक्षा व्यवस्था को लेकर बड़े सवाल खड़े कर रहा है, जिस पर अब राजनीतिक और प्रशासनिक स्तर पर जांच तेज हो गई है।


