जिला अस्पताल के प्रभारी सिविल सर्जन 1 लाख की रिश्वत लेते गिरफ्तार

वेतन संबंधी पे-डेटा भेजने के बदले मांगी थी रकम, एसीबी ने ट्रैप कार्रवाई में रंगे हाथ पकड़ा

सक्ती, 23 जुलाई। भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) बिलासपुर की टीम ने जिला अस्पताल सक्ती के प्रभारी सिविल सर्जन डॉ. संतोष कुमार पटेल को एक लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। आरोपी पर अधीनस्थ कर्मचारी का वेतन संबंधी पे-डेटा सीएमएचओ कार्यालय भेजने के एवज में रिश्वत मांगने का आरोप है। एसीबी ने उनके खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।

पे-डेटा भेजने के लिए मांगी थी रिश्वत

एसीबी के अनुसार, जिला अस्पताल में पदस्थ फार्मासिस्ट ग्रेड-2 गंगा प्रसाद रत्नाकर ने शिकायत दर्ज कराई थी कि फरवरी से जून 2026 तक का वेतन जारी कराने के लिए आवश्यक पे-डेटा सीएमएचओ कार्यालय भेजने के बदले डॉ. पटेल ने 20 हजार रुपये प्रतिमाह के हिसाब से कुल एक लाख रुपये की रिश्वत की मांग की थी।

शिकायत सही मिलने पर बिछाया जाल

शिकायत मिलने के बाद एसीबी ने उसका सत्यापन कराया, जिसमें आरोप सही पाए गए। इसके बाद ट्रैप की योजना बनाई गई। आरोपी ने शिकायतकर्ता को 23 जुलाई को रिश्वत की राशि लेकर डभरा बुलाया।

स्कॉर्पियो में लेते ही दबोचा

डभरा कॉलेज मोड़ के पास तय स्थान पर रात करीब नौ बजे डॉ. पटेल शिकायतकर्ता की स्कॉर्पियो में बैठे और एक लाख रुपये की रिश्वत लेते ही पहले से मौजूद एसीबी टीम ने उन्हें रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। मौके से पूरी रिश्वत की राशि भी बरामद कर ली गई।

स्वास्थ्य विभाग में मचा हड़कंप

प्रभारी सिविल सर्जन की गिरफ्तारी के बाद सक्ती जिले के स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया है। एसीबी ने आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 की धारा 7 के तहत मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है।

Back to top button