मिडिल ईस्ट में बढ़ा तनाव: होर्मुज में माइंस से टकराकर जहाज डूबा, सऊदी अरामको मुख्यालय पर हूती हमला
नई दिल्ली। मिडिल ईस्ट में जारी संघर्ष के बीच समुद्री और ऊर्जा प्रतिष्ठानों पर हमलों से तनाव और बढ़ गया है। ईरान के मुताबिक, होर्मुज जलडमरूमध्य के पास एक मालवाहक जहाज समुद्री बारूदी सुरंग (नेवल माइन) से टकराने के बाद डूब गया। इसी बीच यमन के हूती विद्रोहियों के हमले में सऊदी अरब की सरकारी तेल कंपनी सऊदी अरामको के धहरान स्थित मुख्यालय की इमारत को नुकसान पहुंचा। इन घटनाओं ने वैश्विक समुद्री व्यापार और ऊर्जा आपूर्ति को लेकर चिंताएं बढ़ा दी हैं।
होर्मुज जलडमरूमध्य में जहाज डूबा
ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) की नौसेना के अनुसार, 14 अक्टूबर को एक मालवाहक जहाज समुद्री बारूदी सुरंग से टकराने के बाद आग की चपेट में आ गया और डूब गया। ईरानी सरकारी मीडिया के मुताबिक, जहाज पर 2,500 से अधिक कंटेनर लदे थे।
ईरान ने दावा किया कि जहाज एक ऐसे समुद्री मार्ग से गुजर रहा था, जिसे उसने अनधिकृत और खतरनाक बताया। हालांकि, जहाज की पहचान और चालक दल की स्थिति को लेकर शुरुआती रिपोर्टों में स्पष्टता नहीं थी। समुद्री अधिकारियों ने अलग से बताया कि सिंगापुर में पंजीकृत दो मालवाहक जहाजों को अज्ञात प्रोजेक्टाइल से निशाना बनाया गया था। इनमें से एक जहाज डूब गया, जबकि दूसरा सुरक्षित स्थान पर पहुंचा। यह स्पष्ट नहीं है कि डूबा हुआ जहाज वही था, जिसके समुद्री सुरंग से टकराने की बात ईरान ने कही है।
सऊदी अरामको मुख्यालय पर हूती हमला
सऊदी अरब के धहरान शहर में सरकारी तेल कंपनी सऊदी अरामको के मुख्यालय परिसर की एक इमारत पर हूती विद्रोहियों के हमले की खबर सामने आई है। क्षेत्रीय अधिकारियों के हवाले से आई रिपोर्टों के मुताबिक, बैलिस्टिक मिसाइल हमले में इमारत की ऊपरी तीन मंजिलों को नुकसान पहुंचा और आग लग गई।
रिपोर्टों के अनुसार, इस घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। हमले ने सऊदी अरब के महत्वपूर्ण ऊर्जा प्रतिष्ठानों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है। हूती विद्रोहियों ने सऊदी अरब के तेल और अन्य महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे को निशाना बनाकर आगे भी हमले करने की चेतावनी दी है।
होर्मुज में बढ़ा समुद्री यातायात का जोखिम
होर्मुज जलडमरूमध्य वैश्विक तेल व्यापार के लिए बेहद महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग है। यहां बढ़ते सैन्य तनाव और जहाजों पर हमलों से अंतरराष्ट्रीय शिपिंग कंपनियों के सामने सुरक्षा संबंधी चुनौतियां बढ़ रही हैं।
रिपोर्टों के अनुसार, ईरान ने अपने नियंत्रण वाले समुद्री क्षेत्र से गुजरने वाले जहाजों को लेकर चेतावनी दी है। वहीं, कुछ जहाजों को ओमान के तट के नजदीक से गुजरने वाले वैकल्पिक मार्ग का इस्तेमाल करने की सलाह दी गई है। मौजूदा घटनाक्रम से समुद्री परिवहन की लागत और ऊर्जा बाजार में अनिश्चितता बढ़ने की आशंका है।
तेल आपूर्ति और वैश्विक बाजार पर नजर
अरामको मुख्यालय पर हमले और होर्मुज क्षेत्र में जहाज डूबने की घटना ऐसे समय हुई हैं, जब मिडिल ईस्ट में सैन्य गतिविधियां तेज हैं। हालांकि, उपलब्ध रिपोर्टों में अरामको के तेल उत्पादन या निर्यात में किसी बड़े व्यवधान की पुष्टि नहीं हुई है।
आने वाले दिनों में समुद्री मार्गों की सुरक्षा, तेल प्रतिष्ठानों पर हमलों और क्षेत्रीय देशों की जवाबी कार्रवाई पर वैश्विक ऊर्जा बाजार की नजर रहेगी।
