रायगढ़ : चक्रवात अर्नब से फसल नुकसान का कृषि और बीमा अधिकारियों ने किया संयुक्त निरीक्षण, समय पर मुआवजा देने के निर्देश

रायगढ़। जिले में चक्रवात अर्नब के प्रभाव से फसलों को हुए नुकसान का जायजा लेने के लिए कृषि विभाग और बीमा कंपनी के अधिकारियों ने शनिवार को प्रभावित क्षेत्रों का संयुक्त निरीक्षण किया। अधिकारियों की टीम ने ग्राम धनागर और बनसिया पहुंचकर खेतों में फसल क्षति का आकलन किया और प्रभावित किसानों से चर्चा की। इस दौरान बीमा कंपनी को निर्धारित समय-सीमा में सर्वे पूरा कर किसानों को क्षतिपूर्ति दिलाने के निर्देश दिए गए।

खेतों में पहुंचकर नुकसान का लिया जायजा

निरीक्षण दल ने दोनों गांवों में प्रभावित खेतों का प्रत्यक्ष निरीक्षण किया। अधिकारियों ने किसानों से फसल नुकसान की स्थिति की जानकारी ली और उन्हें प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के प्रावधानों के बारे में बताया।

निरीक्षण दल में प्रभारी उप संचालक कृषि हरीश राठौर, सहायक सांख्यिकी अधिकारी सौरव पटेल, ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी तरुण पटेल, बीमा कंपनी के जिला समन्वयक संजीव साहू और ब्लॉक समन्वयक भिखम साहू शामिल रहे।

फसल नुकसान की सूचना 72 घंटे में देना जरूरी

अधिकारियों ने किसानों को बताया कि चक्रवात, बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि जैसी स्थानीय प्राकृतिक आपदाओं से फसल को नुकसान होने पर घटना के 72 घंटे के भीतर संबंधित बीमा कंपनी को सूचना देना अनिवार्य है। सूचना देते समय नुकसान की मात्रा और कारण का विवरण देना होगा।

किसान इन माध्यमों से शिकायत दर्ज करा सकते हैं—

  • बीमा कंपनी का टोल फ्री नंबर: 1800-419-0344
  • कृषि विभाग की हेल्पलाइन: 14447
  • संबंधित पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन शिकायत
  • स्थानीय कृषि एवं राजस्व अधिकारियों या संबंधित बैंक को सूचना

कटाई के बाद खेत में रखी फसल को भी मिल सकता है लाभ

अधिकारियों ने बताया कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत फसल कटाई के बाद खेत में सुखाने के लिए फैलाकर रखी गई या बंडलों में रखी अधिसूचित फसल को चक्रवात अथवा बेमौसम बारिश से नुकसान पहुंचने पर भी नियमानुसार क्षतिपूर्ति का लाभ मिल सकता है।

सर्वे और भुगतान के लिए तय समय-सीमा

योजना के प्रावधानों के अनुसार, नुकसान की सूचना मिलने के बाद बीमा कंपनी द्वारा 48 घंटे के भीतर क्षति निर्धारकों की नियुक्ति की जाएगी। इसके बाद 10 दिनों के भीतर नुकसान का आकलन पूरा किया जाना है।

संपूर्ण प्रक्रिया पूरी होने के 15 दिनों के भीतर नियमानुसार क्षतिपूर्ति की राशि किसानों के बैंक खातों में अंतरित की जाएगी।

बीमा कंपनी को समय पर सर्वे करने के निर्देश

प्रभारी उप संचालक कृषि हरीश राठौर ने बीमा कंपनी के जिला समन्वयक को निर्देशित किया कि किसानों से प्राप्त फसल क्षति की सूचनाओं को गंभीरता से लेते हुए निर्धारित समय-सीमा में सर्वे और आकलन की कार्रवाई पूरी करें। उन्होंने कहा कि प्रभावित किसानों को योजना के तहत समय पर क्षतिपूर्ति का लाभ मिलना चाहिए।

अधिकारियों ने जिले के किसानों से अपील की है कि फसल नुकसान होने पर निर्धारित 72 घंटे के भीतर बीमा कंपनी को सूचना अवश्य दें, ताकि मुआवजे की प्रक्रिया समय पर पूरी हो सके।

Back to top button