
जल संरक्षण को मिली गति, भविष्य के जल संकट से निपटने की ठोस तैयारी
रायगढ़, 2 फरवरी 2026/ मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की दूरदर्शी सोच एवं जिला प्रशासन के मार्गदर्शन में रायगढ़ जिला जल संरक्षण के क्षेत्र में निरंतर नई उपलब्धियां हासिल कर रहा है। राज्य शासन की महत्वाकांक्षी योजना मोर गांव-मोर पानी महाअभियान के प्रभावी क्रियान्वयन से जिले का जल स्तर संवर रहा है और राष्ट्रीय पटल पर रायगढ़ का गौरव बढ़ रहा है। इसी क्रम में घरघोड़ा विकासखंड के तमनार क्षेत्र सहित कई ग्राम पंचायतों में चेक डैम और स्टॉप डैम निर्माण को स्वीकृति मिलने से किसानों और ग्रामीणों में उत्साह का माहौल है। सरपंचों एवं किसानों ने इस बहुप्रतीक्षित सौगात के लिए जिला प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया है।
महात्मा गांधी नरेगा योजना के अंतर्गत रायगढ़ जिले के सभी सात विकासखंडों में जल संरक्षण और संवर्धन से जुड़े कार्यों को शीर्ष प्राथमिकता दी जा रही है। जिले में डबरी, स्टॉप डैम, चेक डैम, गैब्रियन संरचना, तालाब गहरीकरण, नवीन तालाब निर्माण, रेन वाटर हार्वेस्टिंग, लूज बोल्डर चेक डैम, मिनी परकोलेशन टैंक एवं कुआं निर्माण जैसे कार्यों को बड़े पैमाने पर स्वीकृति प्रदान की गई है। भारत सरकार के दिशा-निर्देशों के अनुसार तमनार एवं पुसौर विकासखंड सेमी-क्रिटिकल श्रेणी में होने के कारण यहां जल संरक्षण पर 40 प्रतिशत व्यय किया जा रहा है, जबकि अन्य सुरक्षित विकासखंडों में 30 प्रतिशत व्यय सुनिश्चित किया गया है। इसका उद्देश्य आने वाले वर्षों में संभावित जल संकट से जिले को सुरक्षित रखना है।
सोक पिट निर्माण का वृहद अभियान
जिला प्रशासन द्वारा स्वच्छता एवं जल संवर्धन को जोड़ते हुए लक्ष्य आधारित अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत 10 दिनों में 1800 सोक पिट तथा 100 दिनों में 18 हजार सोक पिट निर्माण का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। विशेष रूप से प्रत्येक प्रधानमंत्री आवास योजना के हितग्राही के घर के समीप एक सोक पिट का निर्माण किया जा रहा है, जिससे अपशिष्ट जल प्रबंधन के साथ-साथ भू-जल रिचार्ज सुनिश्चित हो सके।
राष्ट्रीय स्तर पर मिली पहचान
जल प्रबंधन के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्यों के लिए रायगढ़ जिले को जल शक्ति जन भागीदारी 1.0 के अंतर्गत राष्ट्रीय स्तर पर तृतीय पुरस्कार (25 लाख रुपये) प्राप्त हुआ है। इस उपलब्धि से उत्साहित जिला प्रशासन अब जल शक्ति जन भागीदारी 2.0 में भी शीर्ष स्थान प्राप्त करने हेतु पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रहा है।
घरघोड़ा विकासखंड में स्वीकृत चेक डेम व स्टॉप डेम की स्वीकृति
विकासखंड घरघोड़ा की विभिन्न ग्राम पंचायतों में निम्नानुसार जल संरक्षण कार्यों को स्वीकृति प्रदान की गई है इनमें कया ग्राम पंचायत-स्टॉप डेम निर्माण कार्य के लिए 16.681 लाख रुपए की स्वीकृति मिली है। इसी तरह बटुराकछार ग्राम पंचायत में स्टॉप डेम निर्माण कार्य के लिए 16.681 लाख रुपए, चिमटापानी ग्राम पंचायत में चेक डेम निर्माण के लिए 16.474 लाख रुपए, पुसल्दा ग्राम पंचायत में चेक डेम निर्माण के लिए 16.440 लाख रुपए, टेरम ग्राम पंचायत में चेक डेम निर्माण के 17.002 लाख रुपए तथा चिल्कागुड़ा ग्राम पंचायत चेक डेम निर्माण कार्य के लिए 19.778 लाख रुपए की स्वीकृति प्रदान की गई है।
इन कार्यों की स्वीकृति पर सरपंच श्रीमती सुकान्ति राठिया, श्री निकेश राठिया, श्री ईंदरसाय राठिया, श्री संतुराम राठिया, श्रीमती श्यामवती राठिया एवं श्री प्रदीप कुमार राठिया सहित क्षेत्र के किसानों ने जिला प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि यह बहुप्रतीक्षित मांग पूरी होने से भू-जल स्तर में वृद्धि होगी तथा प्रत्येक पंचायत में लगभग 20 से 25 एकड़ भूमि में सिंचाई सुविधा सुनिश्चित होगी, जिससे किसान सीधे तौर पर लाभान्वित होंगे।




