झीरम घाटी नक्सली हमले की सुनवाई अंतिम चरण में, 10 अगस्त को होगी अंतिम बहस

रायपुर, 7 अगस्त। छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित झीरम घाटी नक्सली हमले से जुड़े मामले की सुनवाई अब अंतिम चरण में पहुंच गई है। विशेष एनआईए (NIA) अदालत में 11 आरोपियों के खिलाफ चल रहे ट्रायल में अभियोजन पक्ष अपने सभी मौखिक और दस्तावेजी साक्ष्य पेश कर चुका है। अब मामले में 10 अगस्त को अंतिम बहस होगी, जिसके बाद अदालत फैसला सुरक्षित रख सकती है।

अभियोजन पक्ष ने सुनवाई के दौरान 101 गवाहों के बयान दर्ज कराए हैं। इसके साथ ही कई महत्वपूर्ण दस्तावेजी साक्ष्य भी अदालत के समक्ष प्रस्तुत किए गए हैं। अंतिम बहस के दौरान अभियोजन इन्हीं साक्ष्यों के आधार पर आरोप सिद्ध करने का प्रयास करेगा, जबकि बचाव पक्ष अपनी दलीलें पेश करेगा।

मामले में कुल 11 आरोपियों के खिलाफ ट्रायल चल रहा था। हालांकि, सुनवाई के दौरान एक आरोपी की मृत्यु हो गई, जिसके बाद उसके खिलाफ कार्यवाही समाप्त कर दी गई। वर्तमान में शेष 10 आरोपियों के खिलाफ सुनवाई जारी है।

गौरतलब है कि 25 मई 2013 को बस्तर के झीरम घाटी क्षेत्र में कांग्रेस की परिवर्तन यात्रा पर नक्सलियों ने घात लगाकर हमला किया था। इस हमले में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता महेंद्र कर्मा समेत कई नेताओं और अन्य लोगों की मौत हो गई थी। यह घटना छत्तीसगढ़ के सबसे बड़े नक्सली हमलों में से एक मानी जाती है।

इस बहुचर्चित मामले में वर्षों से न्यायिक प्रक्रिया चल रही है और पीड़ित परिवारों सहित पूरे प्रदेश की निगाहें अदालत के फैसले पर टिकी हैं। अंतिम बहस पूरी होने के बाद अदालत निर्णय सुरक्षित रख सकती है और बाद में फैसला सुनाने की तारीख घोषित करेगी।

Back to top button