रायगढ़ में ‘बने खाबो-बने रहिबो 2.0’ अभियान के तहत होटल और मिठाई दुकानों की जांच
रायगढ़, 18 अगस्त। छत्तीसगढ़ के रायगढ़ में खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग द्वारा चलाए जा रहे ‘बने खाबो-बने रहिबो 2.0’ अभियान के तहत सोमवार को शहर के विभिन्न होटल और मिठाई दुकानों का निरीक्षण किया गया। जांच के दौरान खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने शंका के आधार पर खोवा, कलाकंद, पैक्ड मिठाई और नारियल लड्डू के नमूने लिए। सभी नमूनों को जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा जा रहा है।
नियंत्रक, खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग के निर्देश पर यह अभियान 17 से 23 अगस्त तक चलाया जा रहा है। अभियान के तहत होटल, ढाबा, मिठाई दुकान, डेयरी सहित विभिन्न खाद्य प्रतिष्ठानों में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और स्वच्छता की जांच की जा रही है।
कलकत्ता स्वीट्स से खोवा का नमूना
खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने सबसे पहले कलकत्ता स्वीट्स का निरीक्षण किया। यहां विभिन्न मिठाइयों की जांच के दौरान शंका के आधार पर खोवा का नमूना लिया गया। संचालक को दुकान में साफ-सफाई बनाए रखने के निर्देश भी दिए गए।
इसके बाद टीम ने कोतरा रोड स्थित कातोरे रेस्टोरेंट का निरीक्षण किया। यहां खाद्य पदार्थों और परिसर की स्थिति की जांच की गई। जांच के दौरान कलाकंद का नमूना लिया गया और संचालक को स्वच्छता का विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए गए।
पैक्ड मिठाई और नारियल लड्डू के सैंपल लिए
अभियान के दौरान टीम ने आशीर्वाद ट्रेडर्स का भी निरीक्षण किया। यहां से पैक्ड मिठाई और नारियल लड्डू के नमूने लिए गए। संचालक को बिना लेबल वाले खाद्य पदार्थों की न तो बिक्री करने और न ही खरीदने के निर्देश दिए गए। साथ ही खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और स्वच्छता बनाए रखने की हिदायत दी गई।
कार्रवाई के दौरान अभिहित अधिकारी सुधा चौधरी, खाद्य सुरक्षा अधिकारी सरिता पटेल, वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी नेमीचंद पटेल और नमूना सहायक सुमन अग्रवाल मौजूद रहे।
सप्ताहभर जारी रहेगा जांच अभियान
अभिहित अधिकारी सुधा चौधरी ने बताया कि ‘बने खाबो-बने रहिबो 2.0’ अभियान के तहत पूरे सप्ताह खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया जाएगा। सोमवार को कई होटल और मिठाई दुकानों की जांच कर खाद्य पदार्थों के नमूने लिए गए हैं।
उन्होंने बताया कि सभी नमूनों को जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा जा रहा है। जांच रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। अभियान के दौरान खाद्य प्रतिष्ठान संचालकों को खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के साथ परिसर में साफ-सफाई बनाए रखने के निर्देश दिए जा रहे हैं।











